Yoga Vasistha — Utpatti Prakarana (Creation), Sarga 46, Verse 16
यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के उत्पत्ति प्रकरण, सर्ग 46, verse 16 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।
उत्पत्ति प्रकरण · सर्ग 46 · श्लोक 16
संस्कृत श्लोक
गर्भवासमिवापन्नं तेनासीत्तन्महापुरम् ।
मूढत्वं यौवनेनेव घनतामाययौ तमः ॥ १६ ॥
हिन्दी अर्थ
उक्त धूलिपटल से वह महान् नगर मानों गर्भवास को प्राप्त हुआ रजोगुण की अधिक
मात्रावाले यौवन से स्वभाविक मूढता की नाई उक्त रजसे अन्धकार निबिड हो गया