Yoga Vasistha — Upashama Prakarana (Dissolution), Sarga 47, Verse 56
यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के उपशम प्रकरण, सर्ग 47, verse 56 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।
उपशम प्रकरण · सर्ग 47 · श्लोक 56
संस्कृत श्लोक
भूयो भूय इति ग्राम्याः पृष्टा गाधिद्विजन्मना ।
अनल्पस्मयसंरम्भमार्तेनेव चिकित्सकाः ॥ ५६ ॥
हिन्दी अर्थ
गाधि नाम के ब्राह्मण ने ग्रामीण लोगों से अत्यन्त आश्चर्य ओर प्रश्नोद्योग के साथ
बार-बार पूछा जैसे कि आतुर पुरुष अत्यन्त आश्चर्य और प्रश्नोद्योग के साथ चिकित्सक से पूछता
है