Yoga Vasistha — Upashama Prakarana (Dissolution), Sarga 61, Verse 29
यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के उपशम प्रकरण, सर्ग 61, verse 29 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।
उपशम प्रकरण · सर्ग 61 · श्लोक 29
संस्कृत श्लोक
अद्य कच्चिददुःखस्त्वं कच्चिद्विश्रान्तवानसि ।
परमे कारणे मेराविव भूमण्डलाधिपः ॥ २९ ॥
हिन्दी अर्थ
महाराज, क्या आप
समस्त दुःखों से छुटकारा पा चुके हैं ओर जैसे कोई भूमण्डल का स्वामी उत्तरोत्तर पर्वतो का अतिक्रमण
कर मेरु के ऊपर विश्रान्ति करे, वैसे ही क्या आप परम कारणरूप (विवर्तापादानत्व से उपलक्षित)
परब्रह्म मे उत्तरोत्तर भूमिकाओं के परिपाक से विश्रान्ति कर चुके हैं ?