Yoga Vasistha — Nirvana Prakarana Purva (Liberation, Part 1), Sarga 7, Verse 6
यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के निर्वाण प्रकरण (पूर्वार्ध), सर्ग 7, verse 6 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।
निर्वाण प्रकरण (पूर्वार्ध) · सर्ग 7 · श्लोक 6
संस्कृत श्लोक
रसायनेन्दुनिस्यन्दमधुबिम्बासवद्रवैः ।
ओष्ठाभिधो मांसलवो लालाक्त उपमीयते ॥ ६ ॥
हिन्दी अर्थ
लार से भीगा ओष्ठनामक मांस का टुकड़ा जो रसायन, अमृत, मधु, विम्ब ओर मद्य के
साथ उपमा दिया जाता है, वह भी अज्ञान का ही विलास हे