Guru's AddaGuru's Adda

Yoga Vasistha — Nirvana Prakarana Uttara (Liberation, Part 2), Sarga 133, Verse 8

यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के निर्वाण प्रकरण (उत्तरार्ध), सर्ग 133, verse 8 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।

निर्वाण प्रकरण (उत्तरार्ध) · सर्ग 133 · श्लोक 8

संस्कृत श्लोक

स्वात्मनो नाशमाशंक्य सद्वीपभुवनैः सह । अवश्यभाविपार्श्वस्थमहमग्निमथाविशम् ॥ ८ ॥

हिन्दी अर्थ

तदनन्तर दूसरे जन्म का वृत्त कहता है। समुद्र तीर के निकटवर्ती विद्याधर ओर देवताओं के विहार के लिए विमानों की भूमिरूप गगनचुम्बी पर्वतं के मध्यभाग मेँ अमरसोम नाम का निर्न गन्धर्व मेँ चौदह वर्ष तक तपस्वी हुआ