Yoga Vasistha — Utpatti Prakarana (Creation), Sarga 34, Verse 7
यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के उत्पत्ति प्रकरण, सर्ग 34, verse 7 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।
उत्पत्ति प्रकरण · सर्ग 34 · श्लोक 7
संस्कृत श्लोक
वीरालिङ्गनलोलानां नितम्बे सुरयोषिताम् ।
मेखलाः शिथिलीकर्तुं प्रवृत्तः कुसुमायुधः ॥ ७ ॥
हिन्दी अर्थ
वीर पुरुषों का आलिंगन करने के
लिए सस्पृह सुरांगनाओं के जघनस्थल में स्थित मेखलाओं को शिथिल करने के लिए कामदेव
तत्पर हो गया है