Guru's AddaGuru's Adda

Yoga Vasistha — Utpatti Prakarana (Creation), Sarga 38, Verse 13

यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के उत्पत्ति प्रकरण, सर्ग 38, verse 13 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।

उत्पत्ति प्रकरण · सर्ग 38 · श्लोक 13

संस्कृत श्लोक

शरादिहेतिसरितो विस्तीर्णे गगने स्थिते । प्रवृत्ताः सुखमागन्तुं सरसः सरितो यथा ॥ १३ ॥

हिन्दी अर्थ

विशाल आकाशमण्डल में स्थित बाण आदि अस्त्र-शस्त्रों की नदियाँ मानस सरोवर से सरयू आदि नदियों की नाईं बेरोकटोक गिरने लगी