Guru's AddaGuru's Adda

Yoga Vasistha — Upashama Prakarana (Dissolution), Sarga 16, Verse 14

यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के उपशम प्रकरण, सर्ग 16, verse 14 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।

उपशम प्रकरण · सर्ग 16 · श्लोक 14

संस्कृत श्लोक

ज्ञेयं तु वासनात्यागं कृत्वोपशममागताः । विदेहमुक्तास्तिष्ठन्ति ब्रह्मण्येव परावरे ॥ १४ ॥

हिन्दी अर्थ

ज्ञेय वासना त्याग करके शान्ति को प्राप्त हुए विदेह मुक्त पुरुष परब्रह्म में ही स्थित रहते हैं