Yoga Vasistha — Upashama Prakarana (Dissolution), Sarga 20, Verse 12
यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के उपशम प्रकरण, सर्ग 20, verse 12 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।
उपशम प्रकरण · सर्ग 20 · श्लोक 12
संस्कृत श्लोक
बभूवुस्ते महोग्रेषु शिखरेषु महीभृताम् ।
बहवो बान्धवाः सिंहास्तान्कथं नानुशोचसि ॥ १२ ॥
हिन्दी अर्थ
बड़े ऊँचे-ऊँचे पर्वत-शिखरों पर तुम्हारे बहुत सिंह
बान्धव हुए थे, उनके लिए तुम शोक क्यों नहीं करते ?