Yoga Vasistha — Upashama Prakarana (Dissolution), Sarga 67, Verse 11
यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के उपशम प्रकरण, सर्ग 67, verse 11 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।
उपशम प्रकरण · सर्ग 67 · श्लोक 11
संस्कृत श्लोक
संबन्धाद्दारुपयसां प्रतिबिम्बानि दारुणः ।
यथा पयसि लक्ष्यन्ते शरीराणि तथात्मनि ॥ ११ ॥
हिन्दी अर्थ
आत्मा का देह के साथ सम्बन्ध आध्यासिक है, इसमें दृष्टान्त कहते हैं।
जैसे जल ओर काष्ठ के केवल सान्निध्य से ही जल में काठ के प्रतिबिम्ब दिखाई देते हैं, वैसे ही
(अध्यासिक सम्बन्ध से) आत्मा में शरीर दिखाई देते हैं