Yoga Vasistha — Upashama Prakarana (Dissolution), Sarga 72, Verse 72
यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के उपशम प्रकरण, सर्ग 72, verse 72 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।
उपशम प्रकरण · सर्ग 72 · श्लोक 72
इस समूह का संस्कृत श्लोक-संरेखण अभी परिष्कृत किया जा रहा है; नीचे इसका हिन्दी अर्थ दिया गया है।
हिन्दी अर्थ
श्रीवाल्मीकिजी ने कहा : मुनि वसिष्ठ महाराज के ऐसा कहने पर दिन बीत गया, सूर्य भगवान्
अस्ताचल की ओर चले गये ओर सभा मुनिजी को नमस्कार कर सायंकालीन विधि के लिए चली गई
ओर रात्रि बीतने पर सूर्य की किरणों के साथ फिर दूसरे दिन आ गई