Yoga Vasistha — Nirvana Prakarana Uttara (Liberation, Part 2), Sarga 69, Verse 19
यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के निर्वाण प्रकरण (उत्तरार्ध), सर्ग 69, verse 19 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।
निर्वाण प्रकरण (उत्तरार्ध) · सर्ग 69 · श्लोक 19
संस्कृत श्लोक
पदवीमसि संप्राप्त इमामतिदवीयसीम् ।
दूराध्वसुपरिश्रान्त इदमासनमास्यताम् ॥ १९ ॥
हिन्दी अर्थ
हे मुने, आप इस अतिदूरातिदूरवर्ती स्थान में पधारे है, अतः लम्बे मार्ग के कारण
खूब थक गये होंगे, आप इस आसन पर बिराजिए