Yoga Vasistha — Upashama Prakarana (Dissolution), Sarga 28, Verse 19
यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के उपशम प्रकरण, सर्ग 28, verse 19 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।
उपशम प्रकरण · सर्ग 28 · श्लोक 19
संस्कृत श्लोक
कुरुध्वं स्वामिकार्याणि सर्वे दानवनायकाः ।
बलिर्वर्षसहस्रेण समाधेर्बोधमेष्यति ॥ १९ ॥
हिन्दी अर्थ
हे दानवनायकों, आप सब लोग राज्य-कार्य करो,
बलि एक हजार वर्ष में समाधि से प्रबुद्ध होगा