Guru's AddaGuru's Adda

Yoga Vasistha — Upashama Prakarana (Dissolution), Sarga 81, Verse 26

यह पृष्ठ योगवासिष्ठ के उपशम प्रकरण, सर्ग 81, verse 26 का मूल संस्कृत श्लोक और उसका हिंदी अर्थ प्रस्तुत करता है।

उपशम प्रकरण · सर्ग 81 · श्लोक 26

इस समूह का संस्कृत श्लोक-संरेखण अभी परिष्कृत किया जा रहा है; नीचे इसका हिन्दी अर्थ दिया गया है।

हिन्दी अर्थ

यदि तुम को लज्जा है तो तुम मेरे घर से बाहर निकल जाओ, ऐसा कहते है। हे चित्तरूपी वेताल, तृष्णारूपी पिशाचिनियों के तथा क्रोध आदि गुह्यको के साथ तुम मेरे शरीररूपी घर से बाहर निकल जाओ